सागर-दमोह फोर लेन में तेजी लाने के निर्देश, भू-अर्जन जल्द पूरा करने को कहा
कलेक्टर संदीप जी आर ने सड़क सुरक्षा प्रबंध मजबूत करने के दिए निर्देश

📍 सागर/दमोह | अशोक अहिरवार की रिपोर्ट
सागर-दमोह फोर लेन सड़क परियोजना को लेकर प्रशासन ने अब तेजी दिखानी शुरू कर दी है। कलेक्टर श्री संदीप जी आर ने मध्य प्रदेश सड़क विकास निगम के निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि भू-अर्जन की प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण की जाए, ताकि निर्माण कार्य जल्द शुरू हो सके।
बैठक में विभाग के अधिकारियों सहित संबंधित एजेंसियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
🚧 महत्वाकांक्षी परियोजना, जबलपुर तक सफर होगा आसान
कलेक्टर ने कहा कि सागर-दमोह फोर लेन सड़क शासन की एक महत्वाकांक्षी परियोजना है। इसके पूर्ण होने से जबलपुर तक का आवागमन सुगम होगा और यात्रा समय में कमी आएगी।
💰 2059 करोड़ की परियोजना, HAM मॉडल पर होगा निर्माण
सड़क की कुल लंबाई: 76.680 किमी
कुल लागत: ₹2059.85 करोड़
मॉडल: हाइब्रिड एन्यूटी मॉडल (HAM)
40% लागत: राज्य राजमार्ग निधि से
60% लागत: 15 वर्षों तक एन्यूटी के रूप में भुगतान
इसके अलावा ₹323.41 करोड़ भू-अर्जन एवं अन्य कार्यों के लिए अलग से खर्च किए जाएंगे।
🏗️ क्या-क्या होगा निर्माण
परियोजना के तहत प्रस्तावित निर्माण कार्यों में शामिल हैं—
13 अंडरपास, 03 वृहद पुल, 09 मध्यम पुल , 01 रेलवे ओवरब्रिज (ROV) , 13 बड़े जंक्शन, 42 मध्यम जंक्शन
⚠️ सड़क सुरक्षा पर सख्त निर्देश
कलेक्टर श्री संदीप जी आर ने सभी निर्माण एजेंसियों को निर्देशित किया कि—
निर्माण कार्य के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन अनिवार्य करें
डायवर्जन मार्गों पर स्पष्ट साइन बोर्ड लगाए जाएं
राष्ट्रीय राजमार्ग एवं अन्य सड़कों पर पर्याप्त सुरक्षा प्रबंध सुनिश्चित हों
🌉 रहली-तेंदूखेड़ा मार्ग का पुल भी जल्द बनेगा
बैठक में सागर-रहली-तेंदूखेड़ा मार्ग पर क्षतिग्रस्त पुल के निर्माण की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि निर्माण एजेंसी तय हो चुकी है और जल्द ही कार्य शुरू होगा।
📅 2025 में मिली थी मंजूरी
गौरतलब है कि सागर-दमोह फोर लेन परियोजना को 9 दिसंबर 2025 को मंत्रिपरिषद की बैठक में स्वीकृति प्रदान की गई थी।
📢 निष्कर्ष
सागर-दमोह फोर लेन परियोजना अब गति पकड़ रही है। यदि भू-अर्जन और अन्य प्रक्रियाएं तय समय में पूरी होती हैं, तो यह सड़क क्षेत्रीय विकास और कनेक्टिविटी के लिए मील का पत्थर साबित होगी।
