रीवा की घटना के विरोध में दमोह-पटेरा में जैन समाज का जनआक्रोश,
संत सुरक्षा की मांग को लेकर सौंपा ज्ञापन

रीवा/ दमोह :- घटना के विरोध में दमोह जिले में सकल जैन समाज का आक्रोश सड़कों पर दिखाई दिया। समाजजनों ने संत सुरक्षा की मांग को लेकर मौन रैली निकालकर धरना प्रदर्शन किया और प्रशासन को ज्ञापन सौंपते हुए दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई।
सोमवार सुबह दमोह शहर में सकल दिगंबर जैन समाज के बैनर तले जनआक्रोश मौन रैली निकाली गई। रैली श्री पार्श्वनाथ दिगंबर जैन नन्हें मंदिर से शुरू होकर पलंदी मंदिर, घंटाघर और कीर्तिस्तंभ तक पहुंची। रैली में महिला, पुरुष, युवा और बच्चों सहित बड़ी संख्या में समाजजन शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर संतों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की।
समाज के लोगों का कहना है कि रीवा में पूज्य 105 श्रुत मति माताजी एवं पूज्य 105 उपशम मति माताजी के समाधि मरण से पूरे जैन समाज में शोक और आक्रोश का माहौल है। देशभर में संतों के आह्वान पर विरोध प्रदर्शन और ज्ञापन सौंपे जा रहे हैं।
रैली के समापन पर समाज की ओर से प्रशासन के माध्यम से मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में संतों और साध्वियों की सुरक्षा के लिए विशेष व्यवस्था लागू करने की मांग की गई।
वहीं दमोह जिले के पटेरा क्षेत्र में भी सकल जैन समाज द्वारा जन आक्रोश रैली और धरना प्रदर्शन किया गया। रैली शहर के प्रमुख मार्गों से निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में समाजजन शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि साधु-संतों की सुरक्षा के लिए ठोस और प्रभावी कदम उठाए जाने चाहिए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
धरना स्थल पर समाजजनों ने दिवंगत साध्वियों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए न्याय की मांग की। समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि जब तक संतों और साध्वियों की सुरक्षा को लेकर सरकार प्रभावी कदम नहीं उठाती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
मौके पर पहुंचे प्रशासनिक अधिकारियों ने समाज के प्रतिनिधियों से चर्चा कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया।
दमोह से अशोक अहिरवार की रिपोर्ट