
MP/ अशोकनगर। जिले के ग्राम पिपरेसरा ने रविवार को एक ऐतिहासिक पल का साक्षी बनकर नया इतिहास रच दिया। यहां आयोजित भव्य धार्मिक एवं सामाजिक महासम्मेलन में आस्था, संस्कृति, सामाजिक समरसता और बुद्ध धम्म के प्रति श्रद्धा का अद्भुत संगम देखने को मिला। कार्यक्रम में हजारों लोगों की मौजूदगी ने पूरे क्षेत्र को उत्साह और ऊर्जा से भर दिया। सुबह से लेकर शाम तक कार्यक्रम स्थल पर लोगों का जनसैलाब उमड़ा रहा और पूरा वातावरण जय भीम, जय बुद्ध तथा नमो बुद्धाय के नारों से गूंजता रहा।
विशाल आयोजन में अंतरराष्ट्रीय अभिनेता एवं समाजसेवी गगन मलिक मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उनके आगमन को लेकर लोगों में विशेष उत्साह देखने को मिला। जैसे ही गगन मलिक कार्यक्रम स्थल पहुंचे, उपस्थित लोगों ने तालियों और नारों के साथ उनका भव्य स्वागत किया।
सुबह से उमड़ने लगी भीड़, खचाखच भरा विशाल पंडाल
कार्यक्रम की भव्यता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि सुबह से ही आसपास के गांवों और विभिन्न जिलों से लोग पिपरेसरा पहुंचने लगे थे। कुछ ही घंटों में पूरा आयोजन स्थल श्रद्धालुओं और समाजजनों से भर गया। आयोजकों के अनुसार कार्यक्रम में करीब 20 से 25 हजार लोगों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।
महिलाएं, बुजुर्ग, युवा और बच्चे बड़ी संख्या में कार्यक्रम में शामिल हुए। विशाल पंडाल, आकर्षक मंच और उत्कृष्ट व्यवस्थाओं ने आयोजन को और भव्य बना दिया। जहां तक नजर जाती थी, वहां केवल लोगों का सैलाब दिखाई दे रहा था।
बाबा साहेब की प्रतिमा का हुआ अनावरण
कार्यक्रम की शुरुआत भारत रत्न बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा के अनावरण के साथ हुई। मुख्य अतिथि गगन मलिक ने प्रतिमा का अनावरण कर पुष्प अर्पित किए और बाबा साहेब को नमन किया।
इस दौरान उन्होंने कहा कि बाबा साहेब के विचार आज भी समाज को समानता, शिक्षा और न्याय का मार्ग दिखाते हैं। उनके बताए रास्ते पर चलकर ही एक मजबूत और जागरूक समाज का निर्माण किया जा सकता है।
गगन मलिक को देखने उमड़ी भीड़, तालियों से गूंजा पंडाल
प्रतिमा अनावरण के बाद गगन मलिक मुख्य मंच पर पहुंचे। मंच पर पहुंचते ही हजारों लोगों ने खड़े होकर उनका स्वागत किया। पूरे पंडाल में तालियों की गड़गड़ाहट सुनाई देने लगी। गगन मलिक ने हाथ जोड़कर सभी लोगों का अभिवादन किया और पिपरेसरा की जनता के प्रेम व सम्मान के लिए आभार व्यक्त किया।
उन्होंने कहा कि उन्हें यहां आकर ऐसा महसूस हो रहा है जैसे वे अपने परिवार के बीच उपस्थित हैं। लोगों का प्रेम और बुद्ध धम्म के प्रति उनकी आस्था वास्तव में प्रेरणादायक है।
बुद्ध धम्म को आगे बढ़ाने का दिया संदेश
अपने प्रेरणादायक संबोधन में गगन मलिक ने भगवान बुद्ध के विचारों को अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि बुद्ध का संदेश केवल सुनने के लिए नहीं, बल्कि जीवन में उतारने के लिए है।
उन्होंने कहा कि आज समाज को शिक्षा, एकता, करुणा और मानवता की सबसे अधिक आवश्यकता है। भगवान बुद्ध ने जो मार्ग दिखाया है, वह पूरी मानवता के कल्याण का मार्ग है।
गगन मलिक ने समाज के लोगों से अपील करते हुए कहा कि प्रत्येक बौद्ध परिवार को अपनी एक संतान को बुद्ध धम्म की सेवा के लिए भिक्षु बनाने पर विचार करना चाहिए, ताकि बुद्ध का संदेश आने वाली पीढ़ियों तक प्रभावी रूप से पहुंच सके।
गगन मलिक की बड़ी घोषणा, पिपरेसरा को मिलेगा विशेष उपहार
कार्यक्रम के दौरान गगन मलिक ने मंच से एक महत्वपूर्ण घोषणा कर सभी को उत्साहित कर दिया। उन्होंने कहा कि ग्राम पिपरेसरा में भगवान बुद्ध की एक भव्य प्रतिमा स्थापित की जाएगी और यह प्रतिमा गगन मलिक फाउंडेशन की ओर से भेंट की जाएगी।
जैसे ही उन्होंने यह घोषणा की, पूरा पंडाल तालियों की गूंज से भर गया। लोगों ने खड़े होकर इस घोषणा का स्वागत किया और खुशी जाहिर की।
सांस्कृतिक और संगीत कार्यक्रमों ने बांधा समां
कार्यक्रम में धार्मिक गतिविधियों के साथ-साथ आकर्षक सांस्कृतिक और संगीत प्रस्तुतियों का भी आयोजन किया गया। बुद्ध वंदना, प्रेरणादायक गीतों और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने पूरे माहौल को भक्तिमय बना दिया।
कलाकारों ने अपनी प्रस्तुतियों से लोगों का मन मोह लिया। कार्यक्रम में मौजूद लोग देर तक सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का आनंद लेते रहे और कलाकारों का उत्साहवर्धन करते रहे।
जय भीम, जय बुद्ध और नमो बुद्धाय के नारों से गूंजा परिसर
पूरे कार्यक्रम के दौरान बार-बार जय भीम, जय बुद्ध और नमो बुद्धाय के नारों की गूंज सुनाई देती रही। हजारों लोगों ने सामाजिक एकता, भाईचारे और बुद्ध धम्म के प्रति अपनी निष्ठा व्यक्त की।
कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने कहा कि ऐसा भव्य आयोजन क्षेत्र में पहली बार देखने को मिला है। विशाल जनसमूह, उत्कृष्ट व्यवस्थाएं और अनुशासित वातावरण आयोजन की सबसे बड़ी विशेषता रही।
पिपरेसरा के इतिहास में दर्ज हुआ यह दिन
आस्था, संस्कृति, सामाजिक जागरूकता और भाईचारे का संदेश देने वाला यह आयोजन अब पिपरेसरा के इतिहास का एक यादगार अध्याय बन गया है। हजारों लोगों की मौजूदगी, बाबा साहेब की प्रतिमा का अनावरण, गगन मलिक की प्रेरणादायक बातें और भगवान बुद्ध की प्रतिमा स्थापना की घोषणा ने इस कार्यक्रम को ऐतिहासिक बना दिया।
यह आयोजन केवल एक धार्मिक कार्यक्रम नहीं रहा, बल्कि सामाजिक एकता, मानवता, शिक्षा और जागरूकता का एक मजबूत संदेश देकर गया। क्षेत्र के लोगों का मानना है कि पिपरेसरा में आयोजित यह महासम्मेलन आने वाले वर्षों तक याद किया जाएगा और समाज को नई दिशा देने का कार्य करेगा।
- रिपोर्ट: राजकुमार भारतीय
- संस्थापक एवं प्रधान संपादक, संविधान समाचार
- अशोकनगर (मध्य प्रदेश)
